Connect with us

राजनांदगांव

मजबूत होंगे गांव और ग्रामीण, कृषि, सशक्तिकरण और ढांचागत विकास में गति आएगी : बिसेसर साहू

Published

on

राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार ने अमृतकाल : छत्तीसगढ़ विजन 2047 को हासिल करने के लिए हर चुनौती से पार पाने के इरादे जाहिर कर दिए हैं। वरिष्ठ भाजपा नेता व सांसद प्रतिनिधि बिशेसर दास साहू ने वित्तमंत्री ओपी चौधरी द्वारा पेश किए गए बजट का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की तकरीबन 80 प्रतिशत आबादी ग्रामीण है और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली सरकार में वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने इस सेक्टर को हर तरह की सुविधाओं, रोजगार और सशक्तिकरण के लिए बजट में प्रावधान किए हैं। निश्चित ही इस बजट के कार्यान्वयन का बड़ा असर छत्तीसगढ़ के विकास में दिखेगा। छत्तीसगढ़ के लिए जारी बजट पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि यह बजट सर्वजनहिताय की सोच वाला प्रदेश की आर्थिक स्थिति सुधारने वाला है, जिसमें सभी क्षेत्र के सभी वर्गों के हित की बात की गई है। उन्होंने कहा कि-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबसे बड़े विजन के तौर पर देशभर में जलजीवन मिशन जारी है। बजट में इस योजना के लिए 4 हजार 500 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इससे ग्रामीण इलाकों में हर घर शुद्ध पेयजल उपलब्ध करवाने की योजना और भी तेजगति से आगे बढ़ेगी। यह एक बड़ा कदम है। इसी तरह वनक्षेत्र के तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों को दोबारा चरण पादुकाएं आबंटित होंगी।
बिसेसर साहू ने कहा कि-वित्त मंत्री ने हर क्षेत्र, वर्ग पर फोकस किया है जो कि अपने आप में चुनौतीपूर्ण कार्य है और इसमें वे खरे उतरे हैं। कृषि उन्नति योजना के लिए 10 हजार करोड़ रुपए उन्होंने दिए हैं। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर योजना प्रारंभ कर प्रत्येक हितग्राही परिवारों को 10 हजार रुपए साल दिए जाएंगे। ये मोदी की गारंटी का भी हिस्सा है। कृषि बजट में 33 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। इससे एग्रीकल्चर सेक्टर में ग्रोथ और कृषकों को बड़ी मदद हासिल होगी। नवाचार को भी बढ़ावा मिलेगा, जिसका नतीजा बेहतर उत्पादन के रुप में सामने आएगा। कृषि के सिंचाई को मजबूत करने सिंचाई रकबे के विस्तार के लिए 3000 करोड़ रुपए की बड़ी राशि का प्रावधान किया गया है। ग्रामीण एवं महिला सशक्तिकरण पर बजट के विषय में उन्होंने कहा कि स्व सहायता समूह के माध्यम से महिलाओं को रोजगार देने के लिए 561 करोड़ रुपए का प्रावधान वित्त मंत्री ने बजट में किया है। यह उल्लेखनीय है। इसी तरह पंचायत एवं ग्रामीण विकास के अंतर्गत 70 हजार 539 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इसमें 70 प्रतिशत वृद्धि की गई है। सरकार के इस कदम से स्पष्ट है कि छत्तीसगढ़ की 80 प्रतिशत आबादी वाले इलाके में आधारभूत संरचना, मूलभूत सुविधाओं पर अधिक खर्च होगा और उन्हें इसका लाभ मिलेगा। ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार हेतु 2887 करोड़ खर्च करने की तैयारी है यह भी एक बड़ा कदम है। युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं में मदद के लिए नालंदा परिसर की तर्ज पर प्रदेश के 22 स्थान में लाइब्रेरी बनाई जाएगी। आवास योजना के लिए दूसरे अनुपूरक में 3800 करोड़ के बाद अब 8369 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इससे हर आवासहीन परिवार को नया घर मिल सकेगा। प्रदेश की सड़कों के लिए 841 करोड़ का प्रावधान किया जाना भी प्रशंसनीय है। बिशेसर दास साहू ने बजट को आम जनता के लाभकारी बजट बताते हुए कहा कि इस बजट से ना सिर्फ हर एक वर्ग को लाभ मिलेगा, बल्कि प्रदेश की आर्थिक स्थिति में बहुत सुधार होगा, जिसे पिछले पांच वर्षों में कांग्रेस सरकार ने बिगाड़ रखा था।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अपराध

गैंदाटोला क्षेत्र का शराब कोचिया गिरफ्तार, बाइक और 37 पौवा देसी शराब जब्त

Published

on

डोंगरगांव। राजनांदगांव जिले में अवैध शराब की तस्करी और बिक्री के खिलाफ पुलिस ने अभियान तेज कर दिया है। इसी कड़ी में डोंगरगांव थाना पुलिस ने करियाटोला से डोंगरगांव की ओर बाइक पर अवैध रूप से शराब परिवहन कर रहे गैंदाटोला क्षेत्र के एक शातिर कोचिए को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से भारी मात्रा में देसी शराब और तस्करी में प्रयुक्त मोटरसाइकिल जब्त की गई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आबकारी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया है।

मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बिछाया जाल
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, रविवार 28 जून को पुलिस को पुख्ता सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति अपनी मोटरसाइकिल पर क्षमता से अधिक शराब लेकर करियाटोला से डोंगरगांव की ओर आ रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के मंशानुसार एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर व नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमती मंजूलता बाज के मार्गदर्शन में डोंगरगांव थाना प्रभारी निरीक्षक आशीर्वाद राहटगांवकर ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिस ने तत्काल एक विशेष टीम का गठन कर बताए गए मार्ग पर घेराबंदी की और मुखबिर के हुलिए के आधार पर संदेही को रोक लिया।

गुमराह करने की कोशिश, तलाशी में खुली पोल
पूछताछ में व्यक्ति ने अपना नाम तोरण लाल धनकर (35 वर्ष), निवासी ग्राम घुपसाल, थाना गैंदाटोला बताया। जब पुलिस टीम ने उसकी और वाहन की तलाशी ली, तो उसके पास से भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद हुई। पुलिस द्वारा शराब परिवहन और बिक्री के संबंध में वैध दस्तावेज मांगने पर आरोपी लगातार टीम को गुमराह करने का प्रयास करता रहा। कोई भी वैध कागजात पेश नहीं करने पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।

कुल 52,960 रुपये का माल बरामद
थाना प्रभारी ने बताया कि:
“आरोपी तोरण लाल धनकर के पास से 37 पौवा देसी शराब (शोले ब्रांड, कुल 6.660 बल्क लीटर) कीमती 2960/- रुपये और तस्करी में इस्तेमाल की जा रही टीवीएस मोटरसाइकिल (क्रमांक सीजी 08 एजी 1253) कीमती 50,000/- रुपये, इस प्रकार कुल 52,960 रुपये का मशरूका जब्त किया गया है। आरोपी के खिलाफ थाना डोंगरगांव में अपराध क्रमांक 218/2026, धारा 34(2) आबकारी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई है।”

कार्रवाई में इनकी रही मुख्य भूमिका
अवैध शराब के खिलाफ की गई इस महत्वपूर्ण कार्रवाई में डोंगरगांव थाना प्रभारी निरीक्षक आशीर्वाद राहटगांवकर, प्रधान आरक्षक डेमन चन्द्राकर, आरक्षक चन्द्रकांत सोनी और आरक्षक ओंकार कुर्रे की सराहनीय भूमिका रही। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में अवैध शराब बेचने और परिवहन करने वालों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

Continue Reading

अपराध

पुरानी रंजिश में युवक पर चाकू से जानलेवा हमला, एक घंटे में आरोपी गिरफ्तार

Published

on

राजनांदगांव। बसंतपुर थाना पुलिस ने युवक पर प्राणघातक हमला करने के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए घटना के महज एक घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त धारदार चाकू भी जब्त कर लिया है।

पुलिस के अनुसार 28 जून को ग्राम मोहड़ में दीपक चंद्राकर पर धारदार चाकू से हमला किए जाने की सूचना मिली थी। गंभीर रूप से घायल युवक को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।

घायल दीपक चंद्राकर ने पुलिस को बताया कि वह अपने साथियों के साथ मोटरसाइकिल से घर लौट रहा था। त्रिलोक ठेला के पास आरोपी घनश्याम निषाद उर्फ घन्सू उर्फ गुनगुन (20) ने रास्ता रोक लिया। पुरानी रंजिश का हवाला देते हुए “गांव में हीरोपंथी करता है और बहुत बातें करता है” कहकर गाली-गलौज की और हत्या की नीयत से उसके पेट एवं दाहिने हाथ पर चाकू से हमला कर दिया।

प्रकरण में थाना बसंतपुर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109 के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।

पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर एवं नगर पुलिस अधीक्षक वैशाली जैन के मार्गदर्शन में गठित टीम ने थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू के नेतृत्व में घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त धारदार चाकू बरामद कर जब्त किया गया।

पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।

इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू, उप निरीक्षक नरेश सार्वा, प्रशिक्षु उप निरीक्षक राजीव चंद्रा, आरक्षक राजेश बंदेश्वर, रूपेंद्र वर्मा, कुश बघेल, ललित रावटे, डिलेश्वर गोंड सहित बसंतपुर थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

Continue Reading

राजनांदगांव

राजनांदगांव में कोचिंग सेंटरों पर पुलिस का छापा, फायर सेफ्टी और सुरक्षा मानकों की सघन पड़ताल

Published

on

राजनांदगांव। दिल्ली के कोचिंग सेंटर हादसे से सबक लेते हुए राजनांदगांव पुलिस प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गया है। पुलिस अधीक्षक श्री अंकिता शर्मा के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री कीर्तन राठौर के नेतृत्व में सोमवार को शहर के विभिन्न कोचिंग संस्थानों में फायर सेफ्टी एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर एक विशेष औचक निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस कार्रवाई से कोचिंग संचालकों में हड़कंप मच गया।

तीन थाना क्षेत्रों के 12 संस्थानों में दबिश
विशेष अभियान के तहत पुलिस की संयुक्त टीम ने शहर के प्रमुख शैक्षणिक हब कहे जाने वाले थाना कोतवाली, बसंतपुर एवं चिखली क्षेत्र के लगभग 12 कोचिंग संस्थानों का सघन निरीक्षण किया। इस कार्रवाई में कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक उपेंद्र शाह, बसंतपुर थाना प्रभारी निरीक्षक एमन साहू सहित पुलिस लाइन के करीब 25 अधिकारी और कर्मचारी शामिल रहे।

इन सुरक्षा मानकों की हुई बारीकी से जांच
पुलिस टीम ने कोचिंग सेंटरों के भीतर जाकर निम्नलिखित सुरक्षा बिंदुओं का सूक्ष्मता से परीक्षण किया:

अग्निशमन उपकरण: संस्थानों में फायर एक्सटिंग्विशर (अग्निशमन यंत्र) चालू हालत में हैं या नहीं।

निकास मार्ग: आपातकालीन निकास (Emergency Exit) और आपातकालीन खिड़कियों की उपलब्धता।

इलेक्ट्रिक ऑडिट: विद्युत वायरिंग की स्थिति, शॉर्ट सर्किट से बचाव के उपकरण और ओवरलोडिंग की जांच।

रास्ते और सीढ़ियां: आपात स्थिति में भगदड़ से बचने के लिए सीढ़ियों और निकासी मार्गों की चौड़ाई एवं सुगमता।

लापरवाही मिलने पर सील होंगे संस्थान, दी कड़ी चेतावनी
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधिकारियों ने सभी कोचिंग संचालकों को सख्त लहजे में हिदायत दी कि वे अपने संस्थानों में निर्धारित अग्नि सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करें।

अधिकारियों ने साफ तौर पर कहा कि:
“संस्थानों में पर्याप्त संख्या में कार्यशील फायर एक्सटिंग्विशर, स्पष्ट निकास मार्ग और सुरक्षित विद्युत व्यवस्था अनिवार्य है। किसी भी प्रकार की लापरवाही या सुरक्षा मानकों में कमी पाए जाने पर संबंधितों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी और जरूरत पड़ने पर संस्थानों को सील भी किया जा सकता है।”

सुरक्षा को लेकर पुलिस प्रतिबद्ध
मामले में पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई किसी को परेशान करने के लिए नहीं, बल्कि छात्र-छात्राओं की जिंदगी की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए की जा रही है। राजनांदगांव पुलिस विद्यार्थियों एवं आमजन की सुरक्षा के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। आने वाले दिनों में भी इस तरह के औचक निरीक्षण और विशेष अभियान निरंतर जारी रहेंगे, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।

Continue Reading

Trending