Connect with us

राजनांदगांव

आर्थिक मदद के नाम पर संगठित ठगी का पर्दाफाश, लाखों की धोखाधड़ी का मामला उजागर

Published

on

राजनांदगांव। शहर में आर्थिक सहायता दिलाने के नाम पर संगठित ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें आरोपियों द्वारा भोले-भाले लोगों को जाल में फंसाकर लाखों रुपए की धोखाधड़ी की गई है। पीड़ितों ने इस संबंध में समाजवादी पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डा. ओमप्रकाश साहू के साथ जिला पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अशरफ सिद्दीकी पिता मोहम्मद बशीर सिद्दीकी एवं दाऊत सिद्दीकी पिता हनीफ सिद्दीकी द्वारा मानव मंदिर चौक स्थित श्री अम्बे मोबाईल दुकान में लोगों को ले जाकर आर्थिक मदद दिलाने का झांसा दिया जाता था। आरोपियों ने पीड़ितों से आधार कार्ड, पैन कार्ड सहित अन्य दस्तावेज वेरिफिकेशन के नाम पर जमा कराए, उनकी फोटो खिंचवाई एवं अंगूठे लगवाए। इसके बाद आरोपियों ने पीड़ितों के नाम पर लोन स्वीकृत कराकर मोबाईल, वाशिंग मशीन, लैपटॉप एवं अन्य इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदे, जिसकी कुल कीमत लगभग 8 लाख रुपए से अधिक बताई जा रही है। आरोपियों द्वारा पीड़ितों को उनके ही पैसों में से थोड़ी राशि देकर मदद का दिखावा किया गया, जबकि असल में उनके नाम पर भारी कर्ज डाल दिया गया। इस मामले में एक आरोपी के पिता मोहम्मद बशीर सिद्दीकी, जो शहर के नामी वकील बताए जा रहे है, पर भी गंभीर आरोप लगे हैं। पीड़ितों का कहना है कि, जब वे पैसे वापस लेने के लिए उनके घर पहुंचे, तो उन्हें धमकाया गया और कहा गया कि, जहां शिकायत करनी है कर लो, बड़े नेताओं से संबंध हैं।
पीड़ितों ने यह भी दी कि अशरफ सिद्दीकी के मोबाईल नंबर में कुछ दिन तक ट्रू कॉलर में छत्तीसगढ़ शासन के नाम अंकित होता था। वहीं उन्होंने आरोप लगाया कि अशरफ सिद्दीकी और दाऊद सिद्दीकी के साथ कुछ फायनेंसर मिले हुए भी है। एक पीड़ित दुलेश्वर साहू ने बताया कि मेरे नाम से मोबाईल जिसकी कीमत 80 हजार रूपये बतायी गयी है, उसका फायनेंस फोटो मानव मंदिर चौक स्थित श्री अंबे मोबाईल का है और फायनेंस नंदई चौक स्थित क्रोमा से हुआ है। श्री साहू ने बताया कि उक्त मोबाईल मुझे नहीं मिला है। इसी प्रकार अन्य पीड़ितों ने बताया कि जो भी सामान फायनेंस हुआ है, वह उनको आज तक नहीं मिला है।
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ. ओमप्रकाश साहू ने इस मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि, यदि पीड़ितों या उनके परिजनों को किसी प्रकार की जनहानि होती है, तो इसकी पूर्ण जिम्मेदारी आरोपियों की होगी। उन्होंने प्रशासन से तत्काल एफआईआर दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान समाजवादी पार्टी के पूर्व प्रदेश सचिव एवं पूर्व जिला प्रभारी ईमानवेल सिंह, प्रदेश सचिव मोतीलाल यादव, पूर्व शहर अध्यक्ष ललित कुमार साहू, पूर्व शहर उपाध्यक्ष रवि ठाकुर सहित पीड़ितगण मनहरण साहू, अश्वनी सिंह, नारद साहू, भरत लाल तेली, टोमेन्द्र, दुलेश्वर साहू, चंद्रशेखर यादव, अतुल साहू एवं अन्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
अपुष्ट जानकारी के अनुसार, आरोपियों ने शहर के अन्य कई लोगों को भी इसी तरह ठगी का शिकार बनाया है, जिससे आने वाले समय में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। प्रशासन से मांग की गई है कि, इस संगठित ठगी गिरोह की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को शीघ्र गिरफ्तार किया जाए, ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके और भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

राजनांदगांव

प्रयास आवासीय विद्यालय में विद्यार्थियों ने लगाया फूड स्टॉल, व्यवहारिक शिक्षा व कौशल का दिया परिचय

Published

on

राजनांदगांव। विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और व्यवहारिक शिक्षा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रयास आवासीय विद्यालय राजनांदगांव में कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों द्वारा एक विशेष फूड स्टॉल का आयोजन किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने न केवल स्वादिष्ट व्यंजन तैयार किए, बल्कि सामग्री प्रबंधन से लेकर ग्राहकों के साथ संवाद तक की पूरी जिम्मेदारी खुद संभाली।

छात्रों ने तैयार किए कई लजीज व्यंजन
फूड स्टॉल में विद्यार्थियों द्वारा अपनी पाक कला का प्रदर्शन करते हुए नींबू पानी, फिंगर चिप्स, स्वीट डिश, स्वीट कॉर्न, सूप, भेल, आलू गोलगप्पा और करोंदा चाट सहित कई प्रकार के व्यंजन तैयार किए गए थे। स्टॉल के संचालन के दौरान सामग्री का प्रबंधन, लागत का हिसाब-किताब और आए हुए अतिथियों से संवाद स्थापित करने का पूरा प्रबंधन विद्यार्थियों ने स्वयं किया।

व्यवहारिक ज्ञान और नेतृत्व क्षमता बढ़ाना उद्देश्य
विद्यालय प्रशासन के अनुसार विद्यार्थियों में जीवनोपयोगी कौशल, नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क, आत्मविश्वास, बेहतर संचार कौशल और जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के लिए समय-समय पर इस तरह की रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया जाता है।

अधिकारियों व अभिभावकों ने बढ़ाया उत्साह
आयोजित फूड स्टॉल में प्रशासनिक अधिकारियों, कर्मचारियों, शिक्षकों और अभिभावकों ने बड़ी संख्या में पहुंचकर व्यंजनों का स्वाद चखा और विद्यार्थियों के इस प्रयास की सराहना करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया।

Continue Reading

अपराध

गिरवी रखी जमीन छल से अपने नाम कराने वाले दो सहोदर भाई गिरफ्तार, फर्जीवाड़ा कर वसूल रहे थे 6% ब्याज

Published

on

राजनांदगांव। गिरवी रखी जमीन को सुनियोजित तरीके से अपने नाम रजिस्ट्री कराने, झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर भारी-भरकम ब्याज वसूलने और धोखाधड़ी करने के मामले में सिटी कोतवाली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले में संलिप्त दो सगे भाइयों (कोठारी बंधुओं) को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।

पैसों की जरूरत पर रखी थी जमीन गिरवी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पार्टीकला निवासी पीड़ित रोहित कुमार साहू (46 वर्ष) ने 26 जुलाई को थाने में आवेदन सौंपकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित ने बताया कि 25 नवंबर 2021 को उनके पिता आनंद राम साहू को पैसों की आवश्यकता थी, जिस पर उन्होंने अपनी 40 डिसमिल जमीन (खसरा नंबर 138/6) को कामठी लाइन निवासी निर्मल कोठारी के पास गिरवी रखा था।

निर्मल कोठारी ने 2 प्रतिशत ब्याज दर पर 5,11,000 रुपये दिए थे। सिक्योरिटी के तौर पर पीड़ित, उसके पिता और भाई से ब्लैंक चेक व कोरे कागजों पर हस्ताक्षर करवा लिए गए थे।

छल-कपट से अपने नाम कराई रजिस्ट्री, फिर वसूला 6% ब्याज
शिकायत के मुताबिक, निर्मल कोठारी ने छलपूर्वक गिरवी रखी जमीन की अपने नाम रजिस्ट्री करवा ली। इसके बाद पीड़ित परिवार को जान से मारने और मरवाने की धमकी देकर 6 प्रतिशत की दर से ब्याज वसूलना शुरू कर दिया। इतना ही नहीं, कोरे कागजों का दुरुपयोग कर अपने भाई नलिन कोठारी के जरिए फर्जी किरायानामा तैयार कराया और सिक्योरिटी चेक बाउंस कराकर अदालत में झूठा केस दर्ज करा दिया।

पैसे लौटाने के बाद भी नहीं लौटाई पूरी जमीन
पीड़ित ने बताया कि मूल रकम चुकाने के बावजूद जमीन वापस करने के नाम पर आरोपियों ने बैंक से 20 लाख रुपये का फाइनेंस करवाकर रकम ऐंठ ली। इसके बाद भी केवल 12 डिसमिल जमीन वापस की गई, जबकि शेष 28 डिसमिल जमीन अपने पास रख ली और उसे लौटाने के एवज में और रुपयों की मांग की जाने लगी।

पुलिस ने दर्ज की धाराएं और की गिरफ्तारी
पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी निर्मलचंद कोठारी (58 वर्ष) एवं नलिन कोठारी (54 वर्ष) के खिलाफ अपराध क्रमांक 398/26, धारा 386, 420, 34 भादवि तथा छत्तीसगढ़ ऋणियों का संरक्षण अधिनियम 1937 की धारा 4 के तहत अपराध दर्ज किया।

पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर, नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमती वैशाली जैन व अलेक्जेंडर किरो के मार्गदर्शन तथा कोतवाली थाना प्रभारी उपेन्द्र कुमार शाह के नेतृत्व में दोनों भाइयों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। जुर्म स्वीकार करने पर पुलिस ने 26 जुलाई को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।

इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक उपेन्द्र शाह, उप निरीक्षक रतन सिंह नेताम, सुमेंद्र कुमार खरे, आरक्षक प्रियांश, लीलेंद्र और थाना स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही।

Continue Reading

राजनांदगांव

शांति भंग करने की आशंका पर दो असामाजिक तत्वों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई

Published

on

राजनांदगांव। शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सिटी कोतवाली पुलिस ने दो असामाजिक तत्वों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है। दोनों पर सार्वजनिक स्थान पर विवाद कर शांति भंग करने की आशंका के चलते बीएनएसएस की धाराओं के तहत कार्रवाई कर कार्यपालिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया।

पुलिस के अनुसार 26 जुलाई को सूचना मिली थी कि शंकरपुर उड़िया मोहल्ला निवासी किशन सोनी (40) गंज चौक में तथा राहुल नगर लखोली निवासी भीमा मंडावी (28) आम लोगों से विवाद और झगड़ा कर रहे हैं। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे उत्तेजित होकर विवाद करने लगे और समझाइश के बावजूद नहीं माने।

स्थिति को देखते हुए पुलिस ने शांति व्यवस्था भंग होने की आशंका पर दोनों को बीएनएसएस की धारा 170 के तहत गिरफ्तार किया। इसके बाद उनके विरुद्ध धारा 126 एवं 135(3) के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर कार्यपालिक मजिस्ट्रेट के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

पुलिस ने बताया कि दोनों के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। किशन सोनी के विरुद्ध चिखली पुलिस चौकी में मारपीट, गाली-गलौज और धमकी का मामला दर्ज है, जबकि भीमा मंडावी के खिलाफ बसंतपुर थाना में आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज है।

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर, नगर पुलिस अधीक्षक अलेक्जेंडर किरो के मार्गदर्शन तथा थाना प्रभारी उपेंद्र कुमार शाह के नेतृत्व में की गई। कार्रवाई में उपनिरीक्षक रतन सिंह नेताम एवं थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

Continue Reading

Trending