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राजनांदगांव

राजस्व प्रकरणों का गंभीरता से निराकरण करें : कलेक्टर

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राजनांदगांव 12 नवम्बर 2021। कलेक्टर  तारन प्रकाश सिन्हा ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में राजस्व अधिकारियों की बैठक लेकर राजस्व तथा विभिन्न योजनाओं से संबंधित प्रकरणों की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिन्हा ने कहा कि नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, भूअर्जन राशि का वितरण, आय, जाति, निवास तथा अन्य राजस्व प्रकरण तहसीलदार एवं राजस्व अधिकारियों का मूल कार्य है। इसे गंभीरता से लेते हुए कार्य करना चाहिए। सभी एसडीएम राजस्व अधिकारियों के कार्यों की मानिटरिंग करें। जनसामान्य को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। राजस्व प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण करें। उन्होंने अभियान चलाकर लंबित प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। कलेक्टर श्री सिन्हा ने कहा कि राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना के तहत सभी पात्र हितग्राहियों को लाभ मिलना चाहिए। 30 नवम्बर तक सभी पात्र हितग्राहियों को आवेदन प्राप्त कर पोर्टल में एण्ट्री करना सुनिश्चित करें। एसीसी को आधार मानकर आवेदन संकलित किया जाए। इसके अलावा अन्य माध्यमों से भी आने वाले आवेदन लिया जाए। आवेदन लेने के बाद इसका सत्यापन का कार्य करें। उन्होंने कहा कि 1 दिसम्बर से धान खरीदी प्रारंभ होगी। इस वर्ष अधिक धान आने की संभावना है। सभी राजस्व अधिकारी इसके लिए तैयार रहे। धान खरीदी केन्द्रों में चेक लिस्ट के अनुसार व्यवस्था होनी चाहिए। जिले के सीमावर्ती ईलाकों में चेक पोस्ट में कड़ाई से वाहनों की जांच होनी चाहिए। अवैध धान परिवहन करने वाले वाहनों पर जप्ती की कार्रवाई की जाए। सभी एसडीएम चेक पोस्ट में लगातार निरीक्षण करें। सीमावर्ती क्षेत्र के वाहनों पर निगरानी रखते हुए जांच की जाए।
कलेक्टर श्री सिन्हा ने कहा कि फसल कटाई प्रयोग प्रारंभ हो गया है। पटवारी और ग्रामीण विस्तार अधिकारी द्वारा प्रत्येक ग्राम में सर्वे किया जाए। फिल्ड में जाकर कार्यों का निरीक्षण करें। उन्होंने कहा कि एसडीएम, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों की न्यायालय में बैठने तिथि निश्चित होनी चाहिए तथा जनसामान्य को इसकी जानकारी होनी चाहिए। प्रकरणों को ई-कोर्ट में दर्ज करें और अपडेट करें। उन्होंने भू-अर्जन राशि का मुआवजा वितरण की समीक्षा करते हुए कहा कि जिन ग्रामों में भू-अर्जन राशि का वितरण किया जाना है। वहां शिविर लगाकर राशि का वितरण करें। जिले में चिटफंड कंपनी की संपत्ति की जानकारी एकत्रित करते हुए कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि 1 नवम्बर से पुनरीक्षण का कार्य किया जा रहा है। 14 और 21 नवम्बर को विशेष शिविर का आयोजन किया जाएगा। नाम जोडऩे, नाम हटाने का कार्य सावधानीपूर्वक करें। अधिकारी कार्यों का निरीक्षण करें। उन्होंने कहा कि सभी अपंजीकृत प्रकरणों का पंजीकृत किया जाना है। इसके लिए कार्य करें।
कलेक्टर श्री सिन्हा ने राजस्व के लंबित प्रकरणों को जल्द से जल्द निराकरण करने क निर्देश दिए। उन्होंने नवीन राजस्व ग्राम निर्माण, अनसर्वेड ग्रामों का अभिलेख निर्माण की प्रगति, नामांतरण पंजी की जानकारी, विवादित नामांतरण प्रकरण, अविवादित नामांतरण प्रकरण, विवादित बंटवारा प्रकरण, अविवादित बंटवारा प्रकरण, सीमांकन प्रकरण, ई-कोर्ट में दर्ज प्रकरण, नजूल भू-भाटक की राशि वसूली, व्यपवर्तन प्रकरणों का निराकरण, व्यपवर्तन भू-भाटक वसूली, भू-अर्जन प्रकरण एवं मुआवजा भुगतान राशि, लोक सेवा के लंबित प्रकरण, फसल क्षति वितरण राशि, व्यक्तिगत वनाधिकार पत्र, सामुदायिक वनाधिकार पत्र, सामुदायिक वन संसाधन वनाधिकार पत्र, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना तथा अन्य प्रकरणों की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, एसडीएम राजनांदगांव श्री अरूण कुमार वर्मा, एसडीएम खैरागढ़ श्री लवकेश ध्रुव, डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदार, नायब तहसीलदार तथा राजस्व अधिकारी उपस्थित थे। इस दौरान सभी एसडीएम, राजस्व अधिकारी वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्मय से जुड़े रहे।

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राजनांदगांव

प्रयास आवासीय विद्यालय में विद्यार्थियों ने लगाया फूड स्टॉल, व्यवहारिक शिक्षा व कौशल का दिया परिचय

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राजनांदगांव। विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और व्यवहारिक शिक्षा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रयास आवासीय विद्यालय राजनांदगांव में कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों द्वारा एक विशेष फूड स्टॉल का आयोजन किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने न केवल स्वादिष्ट व्यंजन तैयार किए, बल्कि सामग्री प्रबंधन से लेकर ग्राहकों के साथ संवाद तक की पूरी जिम्मेदारी खुद संभाली।

छात्रों ने तैयार किए कई लजीज व्यंजन
फूड स्टॉल में विद्यार्थियों द्वारा अपनी पाक कला का प्रदर्शन करते हुए नींबू पानी, फिंगर चिप्स, स्वीट डिश, स्वीट कॉर्न, सूप, भेल, आलू गोलगप्पा और करोंदा चाट सहित कई प्रकार के व्यंजन तैयार किए गए थे। स्टॉल के संचालन के दौरान सामग्री का प्रबंधन, लागत का हिसाब-किताब और आए हुए अतिथियों से संवाद स्थापित करने का पूरा प्रबंधन विद्यार्थियों ने स्वयं किया।

व्यवहारिक ज्ञान और नेतृत्व क्षमता बढ़ाना उद्देश्य
विद्यालय प्रशासन के अनुसार विद्यार्थियों में जीवनोपयोगी कौशल, नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क, आत्मविश्वास, बेहतर संचार कौशल और जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के लिए समय-समय पर इस तरह की रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया जाता है।

अधिकारियों व अभिभावकों ने बढ़ाया उत्साह
आयोजित फूड स्टॉल में प्रशासनिक अधिकारियों, कर्मचारियों, शिक्षकों और अभिभावकों ने बड़ी संख्या में पहुंचकर व्यंजनों का स्वाद चखा और विद्यार्थियों के इस प्रयास की सराहना करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया।

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अपराध

गिरवी रखी जमीन छल से अपने नाम कराने वाले दो सहोदर भाई गिरफ्तार, फर्जीवाड़ा कर वसूल रहे थे 6% ब्याज

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राजनांदगांव। गिरवी रखी जमीन को सुनियोजित तरीके से अपने नाम रजिस्ट्री कराने, झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर भारी-भरकम ब्याज वसूलने और धोखाधड़ी करने के मामले में सिटी कोतवाली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले में संलिप्त दो सगे भाइयों (कोठारी बंधुओं) को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।

पैसों की जरूरत पर रखी थी जमीन गिरवी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पार्टीकला निवासी पीड़ित रोहित कुमार साहू (46 वर्ष) ने 26 जुलाई को थाने में आवेदन सौंपकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित ने बताया कि 25 नवंबर 2021 को उनके पिता आनंद राम साहू को पैसों की आवश्यकता थी, जिस पर उन्होंने अपनी 40 डिसमिल जमीन (खसरा नंबर 138/6) को कामठी लाइन निवासी निर्मल कोठारी के पास गिरवी रखा था।

निर्मल कोठारी ने 2 प्रतिशत ब्याज दर पर 5,11,000 रुपये दिए थे। सिक्योरिटी के तौर पर पीड़ित, उसके पिता और भाई से ब्लैंक चेक व कोरे कागजों पर हस्ताक्षर करवा लिए गए थे।

छल-कपट से अपने नाम कराई रजिस्ट्री, फिर वसूला 6% ब्याज
शिकायत के मुताबिक, निर्मल कोठारी ने छलपूर्वक गिरवी रखी जमीन की अपने नाम रजिस्ट्री करवा ली। इसके बाद पीड़ित परिवार को जान से मारने और मरवाने की धमकी देकर 6 प्रतिशत की दर से ब्याज वसूलना शुरू कर दिया। इतना ही नहीं, कोरे कागजों का दुरुपयोग कर अपने भाई नलिन कोठारी के जरिए फर्जी किरायानामा तैयार कराया और सिक्योरिटी चेक बाउंस कराकर अदालत में झूठा केस दर्ज करा दिया।

पैसे लौटाने के बाद भी नहीं लौटाई पूरी जमीन
पीड़ित ने बताया कि मूल रकम चुकाने के बावजूद जमीन वापस करने के नाम पर आरोपियों ने बैंक से 20 लाख रुपये का फाइनेंस करवाकर रकम ऐंठ ली। इसके बाद भी केवल 12 डिसमिल जमीन वापस की गई, जबकि शेष 28 डिसमिल जमीन अपने पास रख ली और उसे लौटाने के एवज में और रुपयों की मांग की जाने लगी।

पुलिस ने दर्ज की धाराएं और की गिरफ्तारी
पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी निर्मलचंद कोठारी (58 वर्ष) एवं नलिन कोठारी (54 वर्ष) के खिलाफ अपराध क्रमांक 398/26, धारा 386, 420, 34 भादवि तथा छत्तीसगढ़ ऋणियों का संरक्षण अधिनियम 1937 की धारा 4 के तहत अपराध दर्ज किया।

पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर, नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमती वैशाली जैन व अलेक्जेंडर किरो के मार्गदर्शन तथा कोतवाली थाना प्रभारी उपेन्द्र कुमार शाह के नेतृत्व में दोनों भाइयों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। जुर्म स्वीकार करने पर पुलिस ने 26 जुलाई को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।

इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक उपेन्द्र शाह, उप निरीक्षक रतन सिंह नेताम, सुमेंद्र कुमार खरे, आरक्षक प्रियांश, लीलेंद्र और थाना स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही।

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राजनांदगांव

शांति भंग करने की आशंका पर दो असामाजिक तत्वों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई

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राजनांदगांव। शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सिटी कोतवाली पुलिस ने दो असामाजिक तत्वों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है। दोनों पर सार्वजनिक स्थान पर विवाद कर शांति भंग करने की आशंका के चलते बीएनएसएस की धाराओं के तहत कार्रवाई कर कार्यपालिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया।

पुलिस के अनुसार 26 जुलाई को सूचना मिली थी कि शंकरपुर उड़िया मोहल्ला निवासी किशन सोनी (40) गंज चौक में तथा राहुल नगर लखोली निवासी भीमा मंडावी (28) आम लोगों से विवाद और झगड़ा कर रहे हैं। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे उत्तेजित होकर विवाद करने लगे और समझाइश के बावजूद नहीं माने।

स्थिति को देखते हुए पुलिस ने शांति व्यवस्था भंग होने की आशंका पर दोनों को बीएनएसएस की धारा 170 के तहत गिरफ्तार किया। इसके बाद उनके विरुद्ध धारा 126 एवं 135(3) के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर कार्यपालिक मजिस्ट्रेट के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

पुलिस ने बताया कि दोनों के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। किशन सोनी के विरुद्ध चिखली पुलिस चौकी में मारपीट, गाली-गलौज और धमकी का मामला दर्ज है, जबकि भीमा मंडावी के खिलाफ बसंतपुर थाना में आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज है।

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर, नगर पुलिस अधीक्षक अलेक्जेंडर किरो के मार्गदर्शन तथा थाना प्रभारी उपेंद्र कुमार शाह के नेतृत्व में की गई। कार्रवाई में उपनिरीक्षक रतन सिंह नेताम एवं थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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